पुणे: स्वारगेट बस अड्डे पर 26 साल की महिला के साथ कथित बलात्कार के मामले में आरोपी दत्तात्रय गाडे को पुलिस कस्टडी में भेजा गया है. उसे शुक्रवार को ही गिरफ्तार कर अदालत के सामने पेश किया गया था. आरोपी की ओर से पेश वकील वाजिद खान ने अदालत में दलील दी कि उनके मुवक्किल को ‘मीडिया ट्रायल’ का सामना करना पड़ रहा है. उन्होंने दावा किया कि शिकायतकर्ता खुद बस में गई थी और दोनों के बीच आपसी सहमति से संबंध बने थे. वाजिद खान ने कोर्ट में कहा, “यह सुबह 5:45 बजे की घटना है. वह मदद के लिए चिल्ला सकती थी, लेकिन उसने ऐसा नहीं किया. कुछ भी जबरदस्ती नहीं किया गया.” कोर्ट ने गाडे को 12 दिन की पुलिस हिरासत में भेज दिया है. आरोपी को 12 मार्च तक पुलिस की कस्टडी में रखा जाएगा.
बचाव पक्ष के वकील वाजिद खान ने कहा, ‘उस (दत्तात्रय रामदास गाडे) पर पहले दर्ज मामले लूट के थे, बलात्कार के नहीं. जांच अधिकारी ने कहा कि वह आदतन अपराधी है, लेकिन उसे पहले के किसी भी मामले में दोषी नहीं ठहराया गया था.
पुलिस ने आरोपी को पकड़ने के लिए व्यापक ऑपरेशन चलाया था. पुणे पुलिस कमिश्नर अमितेश कुमार के अनुसार, गाडे को शिरुर तालुका के गुनात गांव से गिरफ्तार किया गया. इस ऑपरेशन में 500 से अधिक पुलिसकर्मियों ने हिस्सा लिया था. पुलिस को इस दौरान स्थानीय नागरिकों का भी सहयोग मिला. गुनात गांव के करीब 400-500 लोगों ने सूचना देने में मदद की. इसके अलावा, पुलिस ने डॉग स्क्वायड और ड्रोन कैमरों का भी इस्तेमाल किया.
गिरफ्तारी के बाद पुलिस कमिश्नर अमितेश कुमार ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि महिलाओं की सुरक्षा को लेकर पुणे पुलिस पूरी तरह से प्रतिबद्ध है. उन्होंने बताया कि पिछले तीन दिनों में शहर में सुरक्षा ऑडिट किया गया है. उन्होंने कहा, “शहर के डार्क स्पॉट्स को चिह्नित कर वहां पेट्रोलिंग बढ़ाने की योजना बनाई गई है. हमें पूरा विश्वास है कि ऐसी घटनाओं को रोका जा सकेगा.”






