सुल्तानपुर जिले के गोससिंहपुर गांव में आठ अगस्त 2024 को संतराम अग्रहरि के घर से कुछ दूरी पर ही गोली मारकर हत्या कर दिया गया था।इस हत्याकांड में लखनऊ हाईकोर्ट की डबल बेंच ने अपराधी के खिलाफ कुर्की का आदेश जारी कर दिया है। बताते चले कि मर्डर के बारहवें दिन मंत्री नंद गोपाल गुप्ता नंदी के बुलडोजर कार्रवाई के के बाद प्रशासन ने अपराधियों पर और कोई कार्रवाई नहीं की थी। पीड़ित पक्ष का आरोप पुलिस की कार्रवाई पर हमेशा रहा की पुलिस अपराधियों को बचा रही है क्योंकि अपराधी भाजपा के नेता है।पुलिस की कार्रवाई की बात करे तो पुलिस कुछ आरोपियों को चौथे दिन गिरफ्तार कर जेल भेजा लेकिन मुख्य साजिश कर्ता अर्जुन पटेल और उसके भाई को लगातार बचाती रही।पीड़ित पक्ष के याचिकाकर्ता प्रदीप कुमार की ओर से लखनऊ हाईकोर्ट में दायर याचिका में निष्पक्ष जांच कराने और केस डायरी में नए सुबूत शामिल करने की मांग की गई थी। राज्य सरकार की ओर से पेश एजीए ने कोर्ट को बताया कि याचिकाकर्ता और अर्जुन पटेल के खिलाफ जांच लंबित है।आरोपियों की रिमांड के लिए चार्जशीट दाखिल की जा चुकी है। उन्होंने बताया कि याचिकाकर्ता के वकील ने स्वीकार किया कि उनके मुवक्किल के खिलाफ सीआरपीसी की धारा 82/83 के तहत कुर्की का आदेश जारी किया गया है।कोर्ट ने कहा कि कुर्की के आदेश को चुनौती देने के लिए उचित न्यायालय में जाया जा सकता है,लेकिन इस रिट याचिका में मांगी गई राहत नहीं दी जा सकती।






