हरियाणा निकाय चुनाव के 10 नगर निगमों सहित 38 स्थानीय निकायों में ‘छोटी सरकार’ बनने का इंतजार हुआ अब खत्म। निकाय चुनाव में कौन सरताज होगा, इसका फैसला आज होगा।
2 मार्च और 9 मार्च को दो चरणों में हुए निकाय चुनाव के परिणाम के लिए सुबह आठ बजे से ही मतगणना शुरू हो गई। हरियाणा के 10 नगर निगमों में से 8 के नतीजे आ गए हैं। भाजपा गुरुग्राम, रोहतक, हिसार, करनाल, अंबाला, सोनीपत और फरीदाबाद नगर निगम में मेयर का चुनाव जीत गई है। यमुनानगर और पानीपत निगम में भी भाजपा आगे चल रही है।
मानेसर निगम में निर्दलीय उम्मीदवार डॉ. इंद्रजीत यादव ने जीत दर्ज की। उन्होंने भाजपा उम्मीदवार सुंदर लाल को हराया। इंद्रजीत यादव ने खुद को केंद्रीय राज्यमंत्री व गुरुग्राम से भाजपा सांसद राव इंद्रजीत की करीबी बताकर प्रचार किया था।
कांग्रेस विधायक विनेश फोगाट के विधानसभा क्षेत्र जुलाना की नगर पालिका में चेयरमैन पद के लिए भाजपा के डॉ. संजय जांगड़ा ने जीत दर्ज की है। फतेहाबाद जिले की जाखल मंडी नगर पालिका में निर्दलीय उम्मीदवार विकास कुमार चेयरमैन बन गए हैं। यहां भाजपा उम्मीदवार सुरेंद्र मित्तल हार गए।
8 नगर निगमों में मेयर के साथ वार्ड पार्षदों के लिए मतगणना हो रही है। 2 नगर निगमों, सोनीपत और अंबाला में सिर्फ मेयर के लिए उपचुनाव की मतगणना हो रही है। नगर निगमों के अलावा 32 नगर पालिका और नगर परिषदों के लिए भी चुनाव और उपचुनाव की मतगणना जारी है।
9 नगर निगम समेत 41 निकायों के लिए 2 मार्च को वोटिंग हुई थी। वहीं पानीपत की वोटिंग 9 मार्च को हुई थी। जिन 10 नगर निगमों में चुनाव हैं, उनमें पिछली बार 7 पर भाजपा, 1 पर कांग्रेस और 1 पर हरियाणा जनचेतना पार्टी की मेयर थी। गुरुग्राम के मानेसर नगर निगम में यह पहला चुनाव है।
प्रदेश में यह निकाय चुनाव इसलिए भी महत्वपूर्ण हैं क्योंकि 5 महीने पहले ही यहां विधानसभा चुनाव में लगातार तीसरी बार भाजपा की सरकार बनी थी। हालांकि उस वक्त माहौल कांग्रेस के पक्ष में था। इसका असर वोटिंग परसेंट में भी दिखा। भाजपा को 90 में से 48 सीटों पर जीत में कुल 39.94% वोट मिले। वहीं कांग्रेस को सीटें 37 मिलीं लेकिन उनका वोट परसेंट 39.09% रहा।








