सुलतानपुर (विजेथुआ महावीरन): ऐतिहासिक और पौराणिक तीर्थ स्थल विजेथुआ महावीरन धाम में मंगलवार की शाम एक नया इतिहास रचा गया। मकरीकुण्ड सरोवर के तट पर आयोजित होने वाली साप्ताहिक महाआरती के 201 अंक पूर्ण होने पर आरती सेवा न्यास द्वारा एक अत्यंत भव्य एवं अलौकिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया।काशी के विद्वानों ने उतारी आरती, रोशनी से नहाया मकरीकुण्डइस विशेष अवसर पर पूरे धाम परिसर और मकरीकुण्ड सरोवर को रंग-बिरंगी लाइटों और फूलों से दुल्हन की तरह सजाया गया था। कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण काशी (वाराणसी) से आए 11 विद्वान आचार्यों द्वारा की गई भव्य गंगा आरती रही। शंखनाद और मंत्रोच्चार के बीच जब आचार्यों ने महाआरती शुरू की, तो पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया। इसके साथ ही क्षेत्रीय कलाकारों द्वारा प्रस्तुत भजन संध्या ने श्रद्धालुओं को झूमने पर मजबूर कर दिया।2022 में हुई थी इस पुनीत कार्य की शुरुआतआरती सेवा न्यास के अध्यक्ष राहुल सिंह ‘बजरंग’ ने बताया कि मकरीकुण्ड में महाआरती की यह परंपरा 5 सितंबर 2022 को शुरू हुई थी। इसका शुभारंभ प्रदेश के परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह ने किया था। तब से प्रत्येक मंगलवार को बिना रुके यह क्रम जारी है।”201 मंगलवार पूर्ण होना हम सभी के लिए गर्व और सौभाग्य का विषय है। बजरंग बली की कृपा से मकरीकुण्ड सरोवर आज अपनी दिव्यता और भव्यता के लिए प्रदेश स्तर पर पहचान बना रहा है।”— राहुल सिंह ‘बजरंग’, अध्यक्ष (आरती सेवा न्यास)श्रद्धालुओं की भारी भीड़इस भव्य आयोजन के साक्षी बनने के लिए स्थानीय लोगों के साथ-साथ दूर-दराज के क्षेत्रों से भी हजारों की संख्या में श्रद्धालु पहुँचे। सुरक्षा और व्यवस्था को लेकर न्यास के कार्यकर्ता मुस्तैद रहे। देर रात तक चले इस कार्यक्रम ने विजेथुआ धाम की महिमा में एक और स्वर्णिम अध्याय जोड़ दिया है।






