दिल्ली विधानसभा का 5 दिवसीय बजट सत्र सोमवार 24 मार्च को ‘खीर’ समारोह शुरू हुआ। मंगलवार 25 मार्च को दिल्ली की मुख्यमंत्री व वित्त मंत्री रेखा गुप्ता ने साल 2025-26 के लिए 1 लाख करोड़ रुपये का बजट दिल्ली विधानसभा की पटल पर पेश किया। 27 साल बाद सत्ता में आई भाजपा सरकार का मंगलवार को पहला बजट पेश हुआ। तकरीबन 2:15 घंटे के इस बजट भाषण में सीएम रेखा ने दिल्ली के लिए कई बड़ी घोषणाएँ की। बजट में बिजली, सड़कें, पानी, महिलाओं, वरिष्ठ नागरिकों और कनेक्टिविटी जैसे प्रमुख क्षेत्रों को केंद्रित किया गया। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने इसे ‘ऐतिहासिक बजट’ बताया और ‘भ्रष्टाचार और अक्षमता’ के युग के अंत की घोषणा की। दिल्ली बजट में सबसे बड़ा बजट आवंटन परिवहन विभाग को मिला है।
दिल्ली बजट की मुख्य बिन्दुएँ
- दिल्ली का बजट 1 लाख करोड़ प्रस्तावित, जो कि पिछले बजट से 31.5 फीसदी ज्यादा है
- बजट का थीम विकसित दिल्ली बजट रखा गया है.
- महिला समृद्धि योजना के लिए 5100 करोड़ प्रस्तावित
- मातृत्व वंदना योजना के लिए 210 करोड़
- दिल्ली में सड़क, नालों की साफ़ सफ़ाई को तवज्जों
- दिल्ली देहात और आधारभूत ढांचे के विकास पर ज़ोर.
- दिल्ली में बच्चों के लिए नए सीएम श्री स्कूल, पीएम श्री स्कूल की तर्ज पर खुलेंगे.
- दिल्ली में यमुना की सफाई के लिए 500 करोड़ का बजट
- दिल्ली के 100 सरकारी स्कूलों में लैंग्वेज लैब खोली जाएगी
- सामाजिक कल्याण पर विकास के लिए 10047 करोड़ रुपये
- दिल्ली में पानी की समस्या से निजात के लिए पानी टैंकरों में लगेगा जीपीएस
- दिल्ली में स्कूल के बच्चों को फ्री लैपटॉप देने की घोषणा
- दिल्ली के सीनियर सिटीजन को पेडिंग ग्रांट मिलेगा, इसके लिए 20 करोड़ का आवंटन
- दिल्ली के व्यापारियों के लिए ट्रेडर्स वेलफेयर बोर्ड का भी गठन
- आंगनवाड़ी केंद्रों को सक्षम आंगनवाड़ी केंद्रों में किया जाएगा तब्दील
- दिल्ली की कनेक्टिविटी को बेहतर बनाने के लिए 1000 करोड़
- दिल्ली को 5000 और इलेक्ट्रिक बसें मिलेगी
- दिल्ली मेट्रो के काम के लिए 929 करोड़ का बजट
- गीग वर्कर्स के लिए वेलफेयर बोर्ड बनाए जाएंगे








